बच्चों को दी लगन, मेहनत और संस्कार की सीख
दुर्ग। प्रदेश के शिक्षा, ग्रामोद्योग एवं विधि विधायी मंत्री गजेन्द्र यादव रविवार को अछोटी प्रवास के दौरान अचानक मुड़पार गांव के विद्यालय जा रहे विद्यार्थियों से रूबरू हुए। सड़क किनारे खड़े होकर उन्होंने बच्चों से आत्मीय बातचीत की और उनके अध्ययन, भविष्य की योजनाओं तथा विद्यालय की व्यवस्था के बारे में विस्तार से जानकारी ली।
मंत्री यादव ने बच्चों की बातों को ध्यानपूर्वक सुना और उन्हें अनुशासन, मेहनत और लगन को जीवन का मूल मंत्र बताया। उन्होंने कहा —
“विद्यार्थी जीवन में अनुशासन सफलता की पहली सीढ़ी है। जो अपने समय का सम्मान करता है, वही आगे चलकर समाज और देश के निर्माण में भूमिका निभाता है।”

उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल परीक्षा पास करने का माध्यम नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण, आत्मविश्वास और समाजसेवा की भावना जगाने की प्रक्रिया है। बच्चों को प्रेरित करते हुए उन्होंने कहा —
“अपने शिक्षकों का सम्मान करें, रोज पढ़ाई करें और अपने सपनों को साकार करने का संकल्प लें।”
मंत्री ने मौके पर विद्यालयों की शिक्षकीय व्यवस्था, पढ़ाई की गुणवत्ता और विद्यार्थियों की प्रगति की जानकारी भी ली। उन्होंने कहा कि मुड़पार के बच्चे आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच से भरे हुए हैं — यही राज्य का असली भविष्य हैं।
श्री यादव ने कहा कि राज्य सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है कि हर बच्चे को गुणवत्तापूर्ण और समान शिक्षा का अवसर मिले। इसके लिए विद्यालयों की बुनियादी सुविधाओं के विकास, शिक्षकों की उपलब्धता और डिजिटल शिक्षा संसाधनों के विस्तार पर निरंतर कार्य किया जा रहा है।
मुलाकात के अंत में मंत्री यादव ने बच्चों को उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं और कहा कि
“आपमें से ही कल के वैज्ञानिक, शिक्षक और नेता निकलेंगे — बस अनुशासन और मेहनत को अपना साथी बना लें।”





