साइबर फ्रॉड अंतर्राज्यीय गिरोह के मुंबई डोम्बीविल्ली कल्याण में चल रहे साइबर फ्रॉड गैंग के पुरे नेटवर्क को किया गया ध्वस्त
आरोपियों द्वारा साइबर फ्रॉड करने हेतु 100 से अधिक फर्जी सिम एवं 100 से अधिक बैंक खातों का उपयोग किया गया
आरोपियों द्वारा साइबर फ्रॉड करने हेतु 100 से अधिक फर्जी सिम एवं 100 से अधिक बैंक खातों का उपयोग किया गया
यतेंद्र जीत सिंह “छोटू”,खैरागढ़: 50 करोड़ रुपए से अधिक लेंन देन साइबर फ्राड में खैरागढ़ पुलिस, जिला केसीजी की सबसे बड़ी कार्रवाई की।। इस साइबर फ्राड के मामले का संक्षिप्त विवरण इस प्रकार है कि प्रार्थिया वसुधा सिन्हा जो खैरागढ़ संगीत विश्वविद्यालय की छात्रा है, उसने थाना खैरागढ़ में रिपोर्ट दर्ज कराई की 22 अगस्त 2025 को इस्टॉग्राम में चिकनकारी शॉपिंग साईट का विज्ञापन देखकर ऑनलाईन साड़ी खरीदने हेतु उक्त साईट से संपर्क कर साड़ी का ऑर्डर कि थी।। ऑर्डर करने उपरांत प्रार्थिया को साड़ी का ऑनर्लान पेमेंट करने हेतु क्युआर कोड भेजा गया,उसके बाद ऑर्डर कंफर्म करने हेतु प्रार्थिया के साथ धोखाधड़ी करते हुये विभिन्न किष्तों में कुल 64,100/रू. का ठगी कर लिया गया।। प्रार्थिया कि रिपोर्ट पर थाना खैरागढ़ में अपराध क्रं. 476/2025 धारा 318(4) बीएनएस एवं 66(डी) आईटी एक्ट का अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया।। प्रकरण की गंभीरता को देखते हुये साइबर फ्रॉड के आरोपियों को डिटेक्ट करने एवं गिरफ्तारी हेतु पुलिस महानिरीक्षक रेंज राजनांदगांव एवं पुलिस अधीक्षक खैरागढ़ के निर्देशन में साइबर सेल खैरागढ़ एवं थाना खैरागढ़ के संयुक्त टीम गठित कि गई।।
ठगी करने का तरीका- साइबर फ्रॉड गिरोह के द्वारा सोशल मीडिया साईट इंस्टॉग्राम पर फर्जी चिकनकारी साड़ी शॉपिंग साईट का विज्ञापन डालकर सस्ते दामों में साड़ी बेचने का लालच देकर लोगो से साड़ी ऑर्डर कराकर ऑनलाईन पेमेंट लेते थे, तथा अपने जाल में फँसाकर तथा लोगो को डराकर रूपये वापस कराने का हेतु प्रोसेसिंग चार्ज के नाम पर रूपये ट्रांसफर कराकर ठगी करते थे।।
अपराध का एनालिसिस प्रकरण की विवेचना हेतु वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में साइबर सेल से एक विशेष टीम गठित की गई ।। सर्वप्रथम साइबर फ्रॉड करने वाले चिकनकारी शॉपिंग साईट के इंस्टॉग्राम पेज को ट्रेस करने हेतु, उक्त इंस्टॉग्राम पेज का यूजर आईडी के माध्यम से आईपी एड्रेस प्राप्त कर,आईपी एड्रेस को ट्रेस किया तथा जो आईपी एड्रेस में उपयोग मोबाईल नंबर महाराष्ट्र डोम्बिविल्ली में लोकेट होना पाया गया।। उसके बाद साइबर फ्रॉड में प्रयुक्त पेमेंट हेतु युपीआई आईडी एवं क्युआर कोड का एनालिसिस किया गया।। जो युपीआई आईडी में लिंक बैंक खाता महाराष्ट्र बैंक का होना पाया गया।। उक्त बैंक खाता में लिंक मोबाईल नंबर का एनालिसिस करने पर मोबाईल नंबर मुंबई डोम्बिविल्ली लोकेट होना पाया गया।। जिस पर उक्त मोबाईल नंबर का सीडीआर, आईपीडीआर प्राप्त करने पर लगभग 15 आईएमईआई नंबर प्राप्त हुआ ।।
उसके बाद सभी आईएमईआई नंबरों का सीडीआर आईपीडीआर प्राप्त कर एनालिसिस करने पर 100 से अधिक फर्जी सिम कार्ड का डाटा प्राप्त हुआ,उक्त मोबाईल नंबरों का सीडीआर आईपीडीआर अवलोकन करने पर मोबाईल नंबर विभिन्न बैंक खातो में लिंक होना पाया गया।। जिस पर उन बैंक खातों में करोड़ो रूपये का ट्रांजेक्शन पाया गया तथा लगभग सभी मोबाईल नंबर एक ही जगह डोम्बिविल्ली में एक्टिव होना पाया गया।। इस प्रकार एक बडे़ साइबर गिरोह का मुंबई डोम्बिविल्ली में संचालित होना पाया गया।। रेड हेतु पुलिस टीम का गठन प्रकरण में साइबर फ्रॉड गैंग के आरोपियों कि गिरफ्तारी हेतु पुलिस महानिरीक्षक रेंज राजनांदगांव एवं पुलिस अधीक्षक खैरागढ़ के निर्देशन एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक खैरागढ़ साइबर नोडल अधिकारी के मार्गदशन में साइबर सेल खैरागढ़ एवं थाना खैरागढ़ की विषेष टीम गठित कर मुंबई डोम्बिविल्ली रवाना किया गया।।
आरोपियों कि गिरफ्तारी- प्रकरण में आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु विषेष टीम गठित कर मुंबई डोम्बिविल्ली रवाना किया गया पुलिस टीम द्वारा आरोपियों के मोबाईल नंबरों के लोकेशन के आधार पर डोम्बिविल्ली के लोढ़ा पलावा अरोलिया अरबन स्थित फ्लैट पहुंचकर आरोपियों के बारे में पतासाजी किया गया।। किन्तु फ्लैटों की संख्या ज्यादा होने तथा आरोपियों द्वारा फर्जी सिम एवं बैंक खातों का उपयोग करने से सही नाम पते की जानकारी प्राप्त नहीं हो पा रही थी।। उक्त आरोपियों को ट्रेस आउट करने काफी दिक्कतें आ रही थी।। पुलिस टीम द्वारा लगातार ट्रेस किया जा रहा था ।। पुलिस टीम दीपावली के समय से लगातार 7 दिनो तक कैंप कर उक्त फ्लैट के आसपास रैकी कर एवं डिलीवरी ब्वॉय बनकर आरोपियों तक पहुंचने का प्रयास किया गया।।
लगातार प्रयास करने के बाद आरोपियों को फ्लैट Z WING के 16 वें फ्लोर के एक कमरें एवं फ्लैट PREMIYA। के 07वें फ्लोर के एक कमरें में होना पता चला दोनो जगह काफी सतर्कता के साथ टीम द्वारा रेड कार्यवाही किया गया।। जहाँ दोनों कमरो से कुल 08 आरोपियों को हिरासत में लिया गया।। सभी आरोपीगण लैपटॉप एवं मोबाईल फोन से साइबर फ्रॉड करने में एक्टिव पाया गया।। तलाशी पर 05 नग लैपटॉप, 14 नग एन्ड्राईड फोन, 51 नग बैंक पास बुक, 51 नग, एटीएम कार्ड, 15 नग चेक बुक, 25 नग सिम कार्ड बरामद किया गया।। बरामद लैपटॉप एवं मोबाईल का एनालिसिस करने पर साइबर फ्रॉड के अलावा ऑनलाईन गेमिंग बेटिंग एप्प 100 बुक का भी संचालन करना पाया गया।। ऑनलाईन बेटिंग एप्प का नेटवर्क विभिन्न राज्यों में होना पाया उक्त बेटिंग एप्प तथा साइबर फ्रॉड में उपयोग किये जाने वाले बैंक खातों की जानकारी प्राप्त करने पर लगभग 50 करोड़ से भी अधिक रूपयों का लेने-देन होना पाया गया।।
प्रकरण में आरोपीगण 1. गौतम परमानंद पंजाबी पिता परमानंद पंजाबी उम्र 23 वर्ष निवासी पचोरा सिंधी कॉलोनी थाना पचोरा जिला जलगांव महाराष्ट्र।। 2. पवन पिता बबन सुरूसे उम्र 25 वर्ष निवासी मनारखेड़ थाना बालापुर जिला अकोला महाराष्ट्र।। 3. विनायक पिता रामेष्वर मोरे उम्र 24 वर्ष निवासी वार्ड नंबर 12 डबकी रोड अकोला जिला अकोला महाराष्ट्र।। 4. अमित पिता रामेष्वर मोरे उम्र 25 वर्ष निवासी वार्ड नंबर 12 डबकी रोड अकोला जिला अकोला महाराष्ट्र।। 5. रामचन्द्र पिता जनार्दन चौके उम्र 21 वर्ष निवासी निवासी मनारखेड़ थाना बालापुर जिला अकोला महाराष्ट्र।। 6. अमोल पिता संतोष दिवनाने उम्र 24 वर्ष निवासी बालापुर थाना बालापुर जिला अकोला महाराष्ट्र।। 7. अभिषेक पिता संतोष डंबडे, उम्र 24 वर्ष निवासी बालापुर थाना बालापुर जिला अकोला महाराष्ट्र।। 8. मनोज मुखिया पिता नंदु मुखिया, उम्र 29 वर्ष निवासी हैदीवली भैरव स्थान जिला मधुबनी बिहार, के कब्जे से 05 नग लैपटॉप, 14 नग एन्ड्राईड फोन, 51 नग बैंक पास बुक, 51 नग, एटीएम कार्ड, 15 नग चेक बुक, 25 नग सिम कार्ड जप्त कर आरोपियों को गिरफ्तार कर ट्रांजिट रिमांड पर खैरागढ़ लाया गया।। आरोपियों के विरूद्ध प्रकरण में संगठित अपराध एवं गेम्बलिंग एक्ट की धारा के तहत विवेचना की जा रही है।। सभी आरोपियों को न्यायायिक रिमांड पर न्यायालय पेश किया जायेगा।।
