जनता के टैक्स का दुरुपयोग, बस स्टॉपेज रिनोवेशन नहीं हुआ; मिलीभगत से पैसा उठाने का आरोप
भिलाई/दुर्ग। भिलाई नगर पालिक निगम के अंतर्गत खुर्सीपार के कैनाल रोड और एम.पी.आर. रोड सौंदर्यीकरण कार्य योजना में चल रहे निर्माण में घोर वित्तीय अनियमितता और आपराधिक लापरवाही का सनसनीखेज मामला सामने आया है। आम आदमी पार्टी (आप) के स्थानीय नेता और खुर्सीपार निवासी जसप्रीत सिंह ने इस संबंध में कलेक्टर, दुर्ग को जनदर्शन मे शिकायत पत्र सौंपा है, जिसमें उन्होंने ठेकेदार के विरुद्ध आईपीसी की धारा 406 (आपराधिक विश्वासघात) और 420 (धोखाधड़ी) के तहत तत्काल आपराधिक मामला दर्ज करने और जिम्मेदार अधिकारियों पर कठोर अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग की है।
जसप्रीत सिंह ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि यह कार्य सौंदर्यीकरण योजना का हिस्सा है, दो करोड़ों की राशि लगभग स्वीकृति दी गई है लेकिन एक वर्ष से अधिक समय बीत जाने के बावजूद बस स्टॉपेज का रिनोवेशन बिलकुल नहीं हुआ है और कार्य अधूरा पड़ा है। उनका स्पष्ट आरोप है कि ठेकेदार और अधिकारी की मिलीभगत से जनता का पैसा उठा लिया गया है, लेकिन काम जमीन पर नहीं हुआ है, जो सार्वजनिक धन के घोर दुरुपयोग को दर्शाता है।
इस लापरवाही के कारण गंभीर जनहित का उल्लंघन हो रहा है। एम.पी.आर. रोड शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल बस स्टॉप पर निर्माण कार्य पूरी तरह अधूरा होने के कारण स्कूली छात्र-छात्राओं (बच्चों) को घंटों खड़े रहकर इंतजार करना पड़ता है, क्योंकि उनके लिए बैठने की कोई उचित व्यवस्था (सीटिंग अरेंजमेंट) उपलब्ध नहीं है। यह उनकी सुरक्षा और सुविधा की घोर उपेक्षा है। वहीं, श्रीराम चौक वॉटर ए.टी.एम. बस स्टॉप पर लाइटिंग की व्यवस्था न होने से रात के समय अंधेरा रहता है, जिससे यह स्थान असामाजिक तत्वों का अड्डा बन चुका है, जो यात्रियों, विशेषकर महिला यात्रियों की सुरक्षा को सीधा खतरा पहुंचाता है।
वित्तीय अनियमितता का एक और बड़ा प्रमाण यह है कि योजना के तहत खुर्सीपार में एक AC बस स्टॉपेज का निर्माण किया जाना था, जिसके लिए सार्वजनिक धन आवंटित किया गया था। लेकिन, दोनों प्रमुख स्टॉपेज में से किसी में भी AC या उससे सम्बंधित कोई सुविधा प्रदान नहीं की गई। यह सीधे तौर पर जनता के टैक्स के पैसों का दुरुपयोग और योजना को भ्रष्ट करने का प्रमाण है। खुर्सीपार में केनाल रोड और एमपीआर रोड सौंदर्य कारण मैं कई कार्य नहीं हुआ और कई करोड़ रूपया ठेकेदार द्वारा उठा लिया गया।
जसप्रीत सिंह ने कलेक्टर से जनहित और सुशासन को ध्यान में रखते हुए मांग की है कि ठेकेदार के विरुद्ध तत्काल आपराधिक मामला दर्ज कर उसे तुरंत ब्लैक लिस्ट किया जाए। साथ ही, भ्रष्टाचार और सार्वजनिक धन के दुरुपयोग में शामिल जिम्मेदार लोक सेवकों (जोन आयुक्त एवं कार्यपालन अभियंता) के विरुद्ध सख्त अनुशासनात्मक और कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी मांग की है कि बच्चों के बैठने की उचित व्यवस्था (सीटिंग) और लाइटिंग सहित दोनों बस स्टॉपेज का कार्य तत्काल 15 दिनों के भीतर किसी अन्य सक्षम एजेंसी से उच्च गुणवत्ता के साथ पूर्ण करवाया जाए।




