कहा – ओबीसी-एससी-एसटी हितों से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
राजनांदगांव। जिला कांग्रेस कमेटी ग्रामीण के पूर्व अध्यक्ष भागवत साहू ने केंद्र सरकार और भाजपा पर महिला आरक्षण विधेयक को लेकर राजनीति करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि संसद से पारित होकर राष्ट्रपति की मंजूरी मिलने के बाद भी नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लागू नहीं किया जा रहा है जिससे महिलाओं के साथ-साथ पिछड़ा वर्ग, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति समाज को भी भ्रमित किया जा रहा है।
श्री साहू ने आगे कहा है कि कांग्रेस पार्टी ने महिला आरक्षण विधेयक का शुरू से समर्थन किया है लेकिन भाजपा इसे लागू करने में अनावश्यक देरी कर राजनीतिक लाभ लेने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि संसद से पारित होने और राष्ट्रपति की मंजूरी मिलने के बाद अब इस कानून को तत्काल प्रभाव से लागू किया जाना चाहिए। साहू ने आरोप लगाया कि भाजपा महिला सम्मान और सशक्तिकरण की बात तो करती है लेकिन जब महिलाओं को वास्तविक राजनीतिक भागीदारी देने का समय आया है, तब परिसीमन का बहाना बनाकर कानून को टाला जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह महिलाओं की आकांक्षाओं के साथ छल है।
उन्होंने कहा कि भाजपा परिसीमन के मुद्दे पर जनता को गुमराह कर रही है। साथ ही पिछड़ा वर्ग, ओबीसी, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति समाज के हक और प्रतिनिधित्व को कमजोर करने की साजिश की जा रही है। यदि सरकार इसी तरह टालमटोल करती रही तो पूरा ओबीसी समाज इसका विरोध करेगा। उन्होंने ने कहा कि 2011 की जनगणना को आधार बनाकर परिसीमन की बात करना भी कई सवाल खड़े करता है। देश की आबादी, सामाजिक संरचना और क्षेत्रीय परिस्थितियों में लगातार बदलाव आया है ऐसे में पुराने आंकड़ों के आधार पर निर्णय लेना न्यायसंगत नहीं होगा। श्री साहू ने कहा कि महिला आरक्षण विधेयक केवल कानून नहीं बल्कि देश की आधी आबादी को राजनीति में समान भागीदारी देने का संकल्प है। भाजपा यदि वास्तव में महिला हितैषी है तो उसे बिना किसी बहाने के नारी शक्ति वंदन अधिनियम को तुरंत लागू करना चाहिए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी महिलाओं, पिछड़ों, किसानों, मजदूरों और वंचित वर्गों के अधिकारों की लड़ाई लगातार लड़ती रही है और आगे भी लड़ती रहेगी। जनता अब भाजपा की कथनी और करनी का अंतर समझ चुकी है।
