भिलाई। केम्प भिलाई के शाह भाइयों की किडनैपिंग का मामला फर्जी निकला। यूपी पुलिस का दावा है कि सुभाष और विष्णु शाह ने फर्जी नौकरी और वीजा के नाम पर दर्जनों लोगों से लगभग 80 लाख रुपये की ठगी की है। यह मामला एक बड़े ठगी नेटवर्क से जुड़ा बताया जा रहा है।
बता दें कि शुक्रवार देर रात 9:30 बजे दुर्ग पुलिस ने व्हाट्सएप ग्रुप में दोनों भाइयों की गिरफ्तारी की सूचना डाली है। दरअसल, वढ पुलिस ने 80 लाख के धोखाधड़ी मामले में दोनों भाइयों को गिरफ्तार किया। हालांकि दोनों की किडनैपिंग का मामला दुर्ग के छावनी थाने में दर्ज है।
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के छावनी थाने में 11 सितंबर को भिलाई के कैंप-2 क्षेत्र के रहने वाले दो भाइयों सुभाष और विष्णु शाह के अपहरण का मामला दर्ज किया गया था।
लेकिन एक दिन बाद 12 सितंबर की रात 9:30 बजे दुर्ग पुलिस ने खुलासा किया कि यह अपहरण का मामला पूरी तरह फर्जी था और दोनों भाइयों को उत्तर प्रदेश के अंबेडकर नगर जिले के राजे सुल्तानपुर थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है। यूपी पुलिस ने ठगी के आरोप में दोनों भाइयों को किया गिरफ्तार यूपी पुलिस का दावा है कि सुभाष और विष्णु शाह ने फर्जी नौकरी और वीजा के नाम पर दर्जनों लोगों से लगभग 80 लाख रुपये की ठगी की है।एक शख्स को इजरायल भेजने का झांसा देकर नकली वीजा और फ्लाइट टिकट थमाया गया। यह मामला एक बड़े ठगी नेटवर्क से जुड़ा बताया जा रहा है।

बता दें कि शुक्रवार की रात करीब 8:00 बजे भिलाई के सुभाष चौक पर यूपी नंबर प्लेट की एक अर्टिका कार में चार लोगों ने दोनों भाइयों को जबरदस्ती गाड़ी में बिठाकर ले जाने की घटना सामने आई थी। इसके बाद देर रात भाइयों के पिता ने दुर्ग जिले के छावनी थाने में अपहरण की शिकायत दर्ज कराई। वहीं शिकायत दर्ज होने के बाद दुर्ग पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की। हालांकि जांच में पता चला कि यूपी पुलिस ने दोनों भाइयों को ठगी के मामले में गिरफ्तार कर अपने साथ ले गई है।
इस पूरे मामले में पुलिस की कार्यशैली पर भी पर सवाल उठ रहे हैं। जब यूपी पुलिस ने दोनों भाइयों को गिरफ्तार किया तो दुर्ग पुलिस को इसकी पहले सूचना क्यों नहीं दी गई?