दुर्ग / दुर्ग शहर जिला कांग्रेस कमेटी की नवनियुक्त महामंत्री निकिता मिलिंद ने जारी प्रेस बयान में बताया कि
दुर्ग और बलरामपुर के बाद अब रायगढ़ के तमनार (आमाघाट) में अफीम की खेती का खुलासा प्रदेश की कानून व्यवस्था की पोल खोल रहा है। हैरानी की बात है कि जिस जमीन पर तरबूज और ककड़ी उगाने का दावा किया गया, वहां अफीम की फसल लहलहा रही थी।

सवाल प्रशासन से: क्या अफीम रातों-रात उग आती है? क्या पुलिस और स्थानीय प्रशासन को इसकी भनक तक नहीं थी?
मिलीभगत का संदेह: यह सिर्फ लापरवाही नहीं, बल्कि गहरे भ्रष्टाचार और ऊंचे रसूखदारों के संरक्षण का संकेत है।
कानून व्यवस्था ध्वस्त: भाजपा सरकार की नाक के नीचे छत्तीसगढ़ नशे का गढ़ बनता जा रहा है।
इस पूरे प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच होनी चाहिए। प्रदेश के भविष्य को नशे की आग में झोंकने वाले दोषियों को बख्शा नहीं जाना चाहिए!