आत्ममंथन से आत्मोन्नति की ओर 78वां वार्षिक निरंकारी संत समागम 31 अक्टूबर से

दुर्ग भिलाई से 500 से अधिक श्रद्धालु रवाना

भिलाई। जहाँ एक ओर आज की दुनिया जाति, धर्म, भाषा और विचारों की सीमाओं में उलझी हुई प्रतीत होती है, वहीं दूसरी ओर संत निरंकारी मिशन समरसता, प्रेम और मानवता की भावना को प्रोत्साहित करने हेतु निरंतर सक्रिय है। सतगुरु माता सुदीक्षा जी महाराज के पावन सान्निध्य में निरंकारी मिशन का 78 वां वार्षिक निरंकारी संत समागम 31 अक्टूबर से 3 नवम्बर, 2025 तक संत निरंकारी आध्यात्मिक स्थल, समालखा (हरियाणा) में आयोजित किया जा रहा है। इस वर्ष समागम की मूल प्रेरणा ‘आत्ममंथन’ है, जो आत्मचिंतन एवं आंतरिक जागरूकता को प्रेरित करने वाली एक सकारात्मक पहल के रूप में उभरेगी।

ब्रांच दुर्ग भिलाई संयोजक सतपाल सैनी ने बताया कि इस वार्षिक संत समागम में भाग लेने हेतु दुर्ग भिलाई से 500 से अधिक श्रद्धालु रवाना हुए। इस समागम में महिलाएं व पुरुष साथ ही सेवादल के जवान भी सेवा के लिये समागम स्थल पर पहुँच चुके है। लगभग 650 एकड़ क्षेत्र में आयोजित इस भव्य आध्यात्मिक समागम में भारत ही नहीं, अपितु विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं विशिष्ट अतिथि सहभागी होंगे।

निसंदेह यह समागम केवल एक आयोजन नहीं, बल्क एक ऐसा पावन अवसर है जहाँ मानवता, प्रेम और आध्यात्मिकता एक सूत्र में बंधते हैं। आप सभी श्रद्धालुओं एवं मानवता प्रेमियों का इस दिव्य संगम में हार्दिक अभिन्नदन है। इस पावन संत समागम में संपूर्ण भारतवर्ष से लाखों की संख्या में तथा विदेशों से लगभग 5,000 श्रद्धालु भक्त सम्मिलित होकर भक्तिभाव से ओतप्रोत वातावरण में आध्यात्मिक आनंद की अनुभूति करेंगे।

समागम परिसर के अंतर्गत संपूर्ण तैयारियों से लेकर समागम की सम्पन्नता तक सेवादल के करीब 1 लाख सदस्य सेवा हेतु तत्पर रहेंगे। स्वास्थ्य एवं समाज कल्याण विभाग द्वारा इस वर्ष समागम स्थल पर स्वास्थ्य सुविधाओं का व्यापक प्रबंध किया गया है। परिसर में 8 एलोपैथिक तथा 6 होम्योपैथिक डिस्पेंसरियाँ कार्यरत रहेंगी। इसके अतिरिक्त, 15 प्राथमिक चिकित्सा केंद्र एवं 1 कायरोप्रैक्टिक चिकित्सा शिविर की भी व्यवस्था की गई है। साथ ही, गंभीर रूप से रोगग्रस्त मरीजों के लिए सभी आवश्यक सुविधाओं से युक्त 120-बेड का एक अस्थायी अस्पताल भी निर्मित किया जा रहा है।

एम्बुलेंसः- इस वर्ष समागम स्थल पर स्वास्थ्य आपात स्थितियों से निपटने हेतु एम्बुलेंस की व्यवस्था की गई है।
व्यापक प्रबंध किए गए हैं।

समागम स्थल की सुरक्षा व्यवस्था हेतु हरियाणा सरकार के सहयोग से समुचित प्रबंध किये गये है जिसमें 60 चैक पोस्ट बनाये गये हैं। भिलाई दुर्ग के अलावा पूरे छत्तीसगढ़ प्रदेश से इस समागम में हजारों श्रद्धालु शामिल होकर ज्ञानगंगा में डुबकी लगाने पहुँच चुके है। सहायक जन सम्पर्क अधिकारी शंकर सचदेव ने प्रेस विज्ञप्ति के माध्यम से सूचना दी।

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