दुर्ग। हेमचंद यादव विश्वविद्यालय दुर्ग के शोधार्थी आदित्य नारंग को “दुर्ग संभाग के नगर निगम क्षेत्र में महिला स्वयं सहायता समूहों के विकास में बैंकिंग – नॉन बैंकिंग साख की भूमिका का अध्ययन” विषय पर पी.एचडी की उपाधि 2 मार्च को प्राप्त हुई है,
यह शोध के शोधनिर्देशक डॉ. विजय कुमार वासनिक, सहायक प्राध्यापक शासकीय कन्या महाविद्यालय दुर्ग तथा सह- शोध निर्देशक डॉ. एस. एन. झा, प्राध्यापक एवं विभाग अध्यक्ष (वाणिज्य), शासकीय विश्वनाथ यादव तमस्कर स्नाकोत्तर स्वशासी महाविद्यालय दुर्ग के निर्देशन में प्राप्त किया गया!
आदित्य नारंग के पिता आलोक कुमार नारंग जो की दुर्ग जिला कलेक्ट्रेट में कई अहम पदों पर रहे हैं जैसे कि कलेक्टर रीडर तथा जिला नाजीर के पद में सेवानिवृत हुए और वह दुर्ग में निवासरत हैं !
उन्होंने अपने शोध में दुर्ग संभाग के नगरीय क्षेत्रों में कार्यरत महिला स्वयं सहायता समूहो के विकास (एनबीएफसी) नॉन बैंकिंग फाइनेंस कंपनियो द्वारा उपलब्ध कराई गई साख की भूमिका का अध्ययन किया गया शोध कार्य में महिला स्वयं सहायता समूहो द्वारा एन.बी.एफ.सी द्वारा आसानी से उपलब्ध कराए गए साख की उपयोगिता उनके अनुभव तथा उनकी समस्याओं और उसके समाधान के बारे में बताया गया है!
वर्तमान अध्ययन का उद्देश्य एन.बी.एफ.सी तथा परंपरागत बैंकिंग द्वारा उपलब्ध कराई गई साख व्यवस्था में जो अंतर है, उन विषयों पर प्रकाश डाला गया तथा उसमें आने वाली समस्याओं को उजागर कर नगर निगम क्षेत्रो के महिला स्वयं सहायता समूहों के व्यवसाय पर होने वाले प्रभाव के बारे में बताया गया एवं उससे संबंधित समस्याओं को दूर करने का प्रयास किया गया है ! यह शोध महिलाओं के लिए नई संभावनाएं और उपाय प्रदान करता है, जिससे शहरी क्षेत्रो में विकास की नई दिशा स्थापित हो सकेगी!
डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त होने पर संगठन, समाज, शहर, सहयोगियों, शुभचिंतकों एवं परिवारजनों के प्रति आभार व्यक्त किया या सम्मान केवल मेरी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं है, बल्कि उन सभी लोगों का सम्मान है जिनके सहयोग, विश्वास और मार्गदर्शन से समाज के लिए कार्य करने की प्रेरणा मिली!
शोधार्थी की मौखिक परीक्षा हेमचंद यादव विश्वविद्यालय दुर्ग के टैगोर हॉल में संपन्न हुई, जिसमें बाह्य परीक्षक डॉ. प्रो. उमेश होलानी, जीवाजी विश्वविद्यालय, ग्वालियर, ( मध्य प्रदेश ) व आंतरिक परीक्षक डॉ. विजय कुमार वासनिक, डॉ. एस. एन. झा, विश्वविद्यालय पी.एचडी प्रभारी डॉ. सुनीता मिश्रा, प्राचार्य डॉ. रंजना श्रीवास्तव, डॉ. अनिल जैन, डॉ. के. एल. राठी, डॉ शकील हुसैन, डॉ. एच. पी. सिंह सलूजा, डॉ. आर. पी. अग्रवाल, डॉ. सुमित अग्रवाल, डॉ. प्रदीप कुमार जांगड़े, डॉ. लाली शर्मा, डॉ. प्रीति तन्ना टांक, डॉ. हरीश कश्यप, अतिथि व्याख्याता डॉ. कुंदन जांगड़े, डॉ. शशांक राव, प्रिया अग्रवाल, सोमनाथ डडसेना, ओमप्रकाश वर्मा, अंजलि कश्यप, एवं आमंत्रित अतिथि और शोधार्थी गण उपस्थित हुए !
