Thursday, January 15, 2026

कांग्रेस की दो महत्वपूर्ण बैठके संपन्न..

पहली बैठक पॉलिटिकल अफेयर कमेटी की तथा दूसरी बैठक जिला कांग्रेस अध्यक्षों की

कांग्रेस जनवरी और फरवरी माह में चलायेगी मनरेगा बचाओ संग्राम

रायपुर। प्रदेश कांग्रेस की दो महत्वपूर्ण बैठक राजीव भवन में प्रभारी सचिन पायलट, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत, एआईसीसी सचिव एवं सह-प्रभारी डॉ. एस.ए. संपत कुमार, एआईसीसी सचिव एवं सह-प्रभारी जरिता लेतफ्लांग, एआईसीसी सह-सचिव एवं सह-प्रभारी विजय जांगिड़ की उपस्थिति में संपन्न हुई।
बैठक में मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत प्रस्तावित कार्यक्रमों की रूपरेखा एवं कार्यक्रम आयोजन की रणनीति तथा एसआईआर में वंचित पात्र मतदाताओं का नाम जुड़वाने पर चर्चा एवं प्रदेश में चल रही धान खरीदी में किसानों को हो रही समस्याओं के निराकरण पर चर्चा की गई।

राष्ट्रीय महासचिव एवं छत्तीसगढ़ प्रभारी सचिन पायलट ने कहा कि नये साल में पहली बैठक है, आपका नया साल शुभ हो। पिछले दिनों कांग्रेस वर्किंग कमेटी की बैठक में संसद में जो चर्चा हुई उस पर विचार किया। पूरा विपक्ष मनरेगा के संशोधन के विरोध में है। मनरेगा संशोधन को लेकर भाजपा भ्रम फैला रही है। यह मनरेगा को खत्म करना चाहती है। गांव में जो भूमिहीन लोग है वे मनरेगा में संशोधन से प्रभावित होंगे। पहले यह कानून था अब यह योजना बना दिया। पहले ये कानूनी संवैधानिक अधिकार था। दुनिया में यह अकेला कानून था जो रोजगार को संवैधानिक अधिकार देता है। पहले 15 दिन रोजगार नहीं देने पर 16वें दिन भत्ते का प्रावधान था। इनका उद्देश्य इसको खत्म कर दिया। पहले ग्राम पंचायत को ताकत भी काम कराने की। पहले केंद्र राज्यांश 90-100 था इन्होंने उसको 60-40 कर दिया। एआईसीसी के कैलेंडर के अनुसार हमको आंदोलन करना है। कार्यक्रम बनाना है। इसको हम जनता के बीच कांग्रेस की कामयाबी तथा भाजपा की दुर्भावना के रूप में जनता के बीच ले जाना है। मोदी सरकार जैसे तीन कृषि कानून वापस ली, अधिग्रहण कानून वापस ली वैसे ही नरेगा संशोधन भी वापस लेगी।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि मोदी ने पहले मनरेगा को कांग्रेस की विफलता का स्मारक बताया था, फिर इसके बजट में कटौती किया। 65 प्रतिशत कटौती कर दिया, मोदी सरकार ने 100 दिन के बदले मनरेगा में राष्ट्रीय औसत काम देने का 37 कार्य दिवस है। छत्तीसगढ़ में यह औसत मात्र 28 दिन था, वर्तमान में छत्तीसगढ़ बजट भी कम दिया, काम भी बंद किया, जिसके छत्तीसगढ़ से लगभग 7.5 लाख लोग पलायन कर असम, महाराष्ट्र, यूपी, कश्मीर जैसे राज्य गये है। हमारी मांग है 400 रू. प्रतिदिन मनरेगा की मजदूरी किया जाए तथा मनरेगा का संशोधन वापस लो।

नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि मनरेगा बचाओ आंदोलन आम आदमी तथा मजदूरों के हित की लड़ाई है। हमें इसको गंभीरता से लेना है तथा केंद्र को बाध्य करना है कि वह मनरेगा बचाओ कानून वापस ले। मनरेगा की लड़ाई को अंजाम तक पहुंचाना है।

पूर्व उप मुख्यमंत्री टी.एस. सिंहदेव ने कहा कि मनरेगा के प्रावधानों तथा वर्तमान संशोधनों को हमें जनता के बीच लेकर इस संशोधन से होने वाले नुकसान को बताना होगा।

जिला कांग्रेस अध्यक्षों की बैठक में मनरेगा बचाओ संग्राम के कार्यक्रम की विस्तृत रूपरेखा पर भी चर्चा हुई तथा निर्णय लिया गया कि प्रदेश भर में मनरेगा बचाओ संग्राम कार्यक्रम पूरी गंभीरता से चलाया जायेगा।

मनरेगा बचाओ संग्राम के तहत निर्णय लिया गया कि

10 जनवरी 2026 जिला स्तरीय प्रेस कॉन्फ्रेंस – सभी डीसीसी कार्यालयों में जिला स्तर पर अभियान के औपचारिक शुभारंभ हेतु प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की जाएंगी तथा प्रस्तावित कानून के ग्रामीण रोजगार और आजीविकाओं पर पड़ने वाले दुष्प्रभावों को मीडिया को बताया जाएगा।

11 जनवरी 2026-एक दिवसीय उपवास एवं प्रतीकात्मक विरोध – जिला मुख्यालयों या प्रमुख सार्वजनिक स्थलों, जैसे महात्मा गांधी या डॉ. बी. आर. आंबेडकर की प्रतिमाओं के पास, पार्टी नेताओं, निर्वाचित प्रतिनिधियों और मनरेगा श्रमिकों की भागीदारी के साथ एक दिवसीय उपवास किया जाएगा।

12 जनवरी से 29 जनवरी 2026 पंचायत स्तर पर जनसंपर्क – सभी ग्राम पंचायतों में पंचायत स्तर की चौपालें और जनसंपर्क कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस चरण के दौरान माननीय कांग्रेस अध्यक्ष तथा माननीय नेता प्रतिपक्ष के पत्र ग्राम प्रधानों, पूर्व ग्राम प्रावधानों, रोजगार सेवकों और मनरेगा श्रमिकों तक पहुंचाए जाएंगे। साथ ही विधानसभा स्तर पर नुक्कड़ सभाएं और पर्चा वितरण भी किया जाएगा।

30 जनवरी 2026 – वार्ड स्तर पर शांतिपूर्ण धरना – वार्ड और ब्लॉक स्तर पर शांतिपूर्ण धरने आयोजित किए जाएंगे, जिनमें अहिंसा, संवैधानिक मूल्यों और काम के अधिकार पर जोर दिया जाएगा।

31 जनवरी से 6 फरवरी 2026 जिला स्तरीय मनरेगा बचाओ धरना – जिला कलेक्टर/जिला मजिस्ट्रेट कार्यालयों पर धरने आयोजित किए जाएंगे, जिनके पश्चात VB-GRAM-G विधेयक को वापस लेने और मनरेगा को उसके मूल स्वरूप में बहाल करने की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपे जाएंगे।

7 फरवरी से 15 फरवरी 2026 राज्य स्तरीय विधानसभा घेराव – पीसीसी के नेतृत्व में राज्य स्तर पर विधानसभाओं का घेराव किया जाएगा, जिसमें अधिकतम मोबिलाइजेशन के माध्यम से केंद्र सरकार की जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ने की नीति और राज्यों पर डाले जा रहे बोझ को उजागर किया जाएगा।

16 फरवरी से 25 फरवरी 2026 क्षेत्रीय एआईसीसी रैलियां निकाली जायेगी।

बैठक में एआईसी महासचिव एवं छत्तीसगढ़ प्रभारी सचिन पायलट, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत, पूर्व उपमुख्यमंत्री टी.एस सिंहदेव, पूर्व मंत्री ताम्रध्वज साहू, राज्यसभा सांसद फूलोदेवी नेताम, एआईसीसी सचिव एवं छत्तीसगढ़ प्रभारी सम्पत कुमार, एआईसीसी सचिव एवं छत्तीसगढ़ प्रभारी जरिता लेतफ्लांग, एआईसीसी सहसचिव एवं छत्तीसगढ़ प्रभारी विजय जांगिड़, एआईसीसी सचिव राजेश तिवारी एआईसीसी सचिव देवेन्द्र यादव, प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गैदू।

पूर्व मंत्री धनेन्द्र साहू, पूर्व मंत्री सत्यनारायण शर्मा पूर्व मंत्री डॉ. शिवकुमार डहरिया, पूर्व मंत्री मोहन मरकाम, पूर्व मंत्री अनिला भेड़िया, पूर्व मंत्री जयसिंह अग्रवाल, पूर्व मंत्री डॉ. प्रेमसिंह साय टेकाम, पूर्व मंत्री गुरू रूद्र कुमार, पूर्व मंत्री उमेश पटेल, पूर्व मंत्री अमरजीत भगत, पूर्व मंत्री अमितेष शुक्ल, पूर्व विधायक गुरूमुख सिंंह होरा, पूर्व विधायक अरूण वोरा, कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला, युवा कांग्रेस अध्यक्ष आकाश शर्मा, बीरेश ठाकुर, राजेन्द्र साहू, शशि सिंह मेनका देवी सिंह,

रायपुर जिला शहर कांग्रेस अध्यक्ष श्रीकुमार शंकर मेनन, रायपुर ग्रामीण जिला अध्यक्ष राजेंद्र पप्पू बंजारे, बलौदाबाजार कांग्रेस जिला अध्यक्ष सुश्री सुमित्रा घृतलहरे, लहरे गरियाबंद कांग्रेस जिला अध्यक्ष सुखचंद बेसरा, महासमुंद कांग्रेस जिला अध्यक्ष द्वारकाधीश यादव, धमतरी कांग्रेस जिला अध्यक्ष तारिणी चंद्राकर, बालोद जिला अध्यक्ष चंद्रेश, दुर्ग कांग्रेस जिला अध्यक्ष धीरज बाकलीवाल, दुर्ग ग्रामीण जिला अध्यक्ष राकेश ठाकुर, भिलाई शहर जिला अध्यक्ष कांग्रेस मुकेश चंद्राकर राजनांदगांव शहर कांग्रेस जिला अध्यक्ष जितेंद्र उदय मुदलियार, राजनंदगांव ग्रामीण जिला अध्यक्ष विपिन यादव, मोहला मानपुर अंबागढ़ कांग्रेस जिला अध्यक्ष सुरजीत सिंह ठाकुर, खैरागढ़ छुईखदान गंडई कांग्रेस जिला अध्यक्ष कोमल दास साहू, कवर्धा कांग्रेस जिला अध्यक्ष नवीन जायसवाल, सुकमा कांग्रेस जिलाअध्यक्ष हरीश लखमा, नारायणपुर कांग्रेस जिला अध्यक्ष राजेश कुमार दीवान, कोण्डगांव कांग्रेस जिलाध्यक्ष रवि घोष, बीजापुर कांग्रेस जिलाध्यक्ष लालू राठौर, कांकरे कांग्रेस जिलाध्यक्ष बसंत यादव, दंतेवाड़ा कांग्रेस जिलाध्यक्ष सलीम रजा उस्मानी, बिलासपुर शहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष सुधांशु मिश्रा, बिलासपुर ग्रामीण कांग्रेस जिलाध्यक्ष महेन्द्र गंगोत्री, गौरेल्ला पेण्ड्रा मरवाही गजमती भानु, मुंगेली कांग्रेस जिलाध्यक्ष घनश्याम वर्मा, कोरबा शहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष मुकेश कुमार राठौर, कोरबा ग्रामीण कांग्रेस जिलाध्यक्ष मनोज चौहान, जांजगीर चांपा कांग्रेस जिलाध्यक्ष राजेश अग्रवाल, शक्ति कांग्रेस जिलाध्यक्ष रश्मि गभेल, रायगढ़ शहर कांग्रेस जिलाध्यक्ष शाखा यादव, सारंगढ़ बिलाईगढ़ कांग्रेस जिलाध्यक्ष ताराचंद देवांगन, जशपुर कांग्रेस जिलाध्यक्ष यू.डी मिंज, सरगुजा कांग्रेस जिलाध्यक्ष बालकृष्ण पाठक, सूरजपूर कांग्रेस जिलाध्यक्ष शशि सिंह कोर्राम, बलरामपुर कांग्रेस जिलाध्यक्ष हरिहर प्रसाद यादव, कोरिया कांग्रेस जिलाध्यक्ष प्रदीप गुप्ता, मनेन्द्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर कांग्रेस जिलाध्यक्ष अशोक श्रीवास्तव उपस्थित थे।

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