रायपुर। रायपुर जिला ग्रामीण के खरोरा खड़ में गौ माता की जालसाज हत्या, मोजो मशरूम कंपनी और उमा राइस मिल से जुड़े गंभीर मुद्दों को लेकर जबर गोहार सभा का आयोजन किया गया। सभा में प्रदेशभर से सैकड़ों सेनानी और ग्रामीणजन शामिल हुए। बरसते पानी के बावजूद भारी भीड़ ने यह साबित कर दिया कि यह आंदोलन जनता के जीवन और छत्तीसगढ़िया अस्मिता से गहराई से जुड़ा हुआ है।
सभा से निकले तीखे स्वर
जिला अध्यक्ष योगेश साहू (JCP) ने कहा – “छत्तीसगढ़ की असली ताकत यहां का आम आदमी है, लेकिन आंदोलन छत्तीसगढ़िया कर रहे हैं और मलाई कोई और खा रहा है।”
क्रांति सेना जिला अध्यक्ष अजय वर्मा ने वर्तमान सरकार पर सीधा निशाना साधा – “एक भी काम जमीनी स्तर पर नहीं हुआ, केवल पोस्टरबाजी कर जनता को गुमराह किया जा रहा है।”
प्रदेश अध्यक्ष ने केंद्र और राज्य की नीतियों पर सवाल उठाते हुए कहा – “छत्तीसगढ़ अब बीजेपी का नहीं, बल्कि अदानी का गढ़ बन चुका है। बाहरी व्यापारी व्यापार करें, इससे आपत्ति नहीं, लेकिन शोषण हुआ तो उन्हें वापस जाना होगा।”

सभा में लोगों ने तीखे सवाल उठाए –
- “मोजो मशरूम और उमा राइस मिल पर आज तक कार्यवाही क्यों नहीं हुई?”
- “क्या ये कंपनियां नेताओं और मंत्रियों के संरक्षण में चल रही हैं?”
- “क्या प्रशासन की बागडोर उद्योगपतियों को सौंप दी गई है?”
- सभा के बाद पैदल मार्च
- सभा के बाद भीड़ ने तहसील और थाना तक पैदल मार्च कर प्रशासन को झकझोर दिया।
- लोगों ने तहसीलदार और थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपा और चेतावनी दी कि यदि 7 दिनों के भीतर जांच और ठोस कार्यवाही नहीं हुई तो उग्र आंदोलन छेड़ा जाएगा।
- ज्ञापन सौंपने के दौरान प्रशासन और जनता के बीच सवाल-जवाब का लंबा दौर चला।
- प्रशासन ने भरोसा दिलाया कि 7 दिनों के भीतर जांच कर दोषियों पर कड़ी कार्रवाई होगी।
🔹 जनता का बढ़ता आक्रोश
सभा और पैदल मार्च में शामिल ग्रामीणों ने कहा कि –
“अब छत्तीसगढ़ियों का सब्र टूट चुका है, यदि न्याय नहीं मिला तो चक्काजाम, धरना और विधानसभा घेराव जैसे कार्यक्रम किए जाएंगे।”
“छत्तीसगढ़ केवल संसाधन लूटने का अड्डा नहीं है, यहां की संस्कृति और अस्मिता से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”